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समाचार का विवरण
प्रोमोटर तथा आवंटतीय द्वारा देय अधिकतम व्याज दर 10%, 1 मई, 2017

प्रमोटर और आबंटन द्वारा देय ब्याज की दर:
 
प्रमोटर को प्रापर्टी द्वारा या प्रापर्टी के लिए आवंटित द्वारा देय ब्याज की दर एक समान होगी, क्योंकि अब यह 10% होगी। ब्याज दर इस समय-समय पर अलग-अलग होगी
 
प्राधिकरण द्वारा समय-समय पर अधिकतम दर निर्धारित की जाएगी और इसकी वेबसाइट पर प्रकाशित किया जाएगा, जो कि स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के आधार पर निर्धारित दर से अधिक ऋण दर और दो प्रतिशत के आधार पर होगा। प्रमोटर और आबंटि कम दर पर सहमत होने के लिए स्वतंत्र हैं, अगर दोनों के लिए यह समान होगा।
 
बशर्ते कि यदि भारतीय स्टेट बैंक ऋण दरों का सीमांत लागत का उपयोग नहीं कर रहा है, तो इसे ऐसे बेंचमार्क उधार दरों द्वारा प्रतिस्थापित किया जाएगा जो कि भारतीय स्टेट बैंक आम लोगों को उधार देने के लिए समय-समय पर तय कर सकता है।
 
अधिकतम दर लागू होगी जो कि प्रवर्तक और आबंटियों के बीच समझौते पर हस्ताक्षर करने के समय प्रचलित है, और समझौते की वैधता के दौरान एक समान रहेगी, जब तक कि दोनों पार्टियों दोनों के लिए दर को कम करने के लिए सहमत हो, या प्राधिकरण द्वारा ऐसा करने का निर्देश दिया
 
धनवापसी के लिए समयसीमा:
 
लागू ब्याज और मुआवजे के साथ किसी भी धन की वापसी, अधिनियम के तहत प्रवर्तक द्वारा या इसके अधीन किए गए नियमों और नियमों के अनुसार देय होगा, उस प्रत्यार्तक को आवंटित को उस दिन से साठ दिन के अंदर देय होगा, जिस पर इस तरह की धनवापसी लागू ब्याज और मुआवजे के साथ, कारण हो जाता है।